
पटना के चर्चित शिक्षक और खान ग्लोबल स्टडीज के संस्थापक फैसल खान उर्फ खान सर इन दिनों गंभीर कानूनी संकट का सामना कर रहे हैं। उनके कोचिंग संस्थान से जुड़े फायरिंग मामले में प्राथमिकी दर्ज होने के बाद गिरफ्तारी की आशंका बढ़ गई है। हालांकि ताजा घटनाक्रम में खान सर ने अदालत में आत्मसमर्पण (सरेंडर) करने के बजाय अग्रिम जमानत (Anticipatory Bail) का रास्ता चुनने का फैसला किया है।
मामले की शुरुआत पटना के मुसल्लहपुर हाट क्षेत्र स्थित खान ग्लोबल स्टडीज के आसपास हुई फायरिंग की घटना से हुई। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया और बड़ी संख्या में छात्र संस्थान के बाहर जमा हो गए। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल तैनात करना पड़ा।
जांच के दौरान पुलिस ने इस मामले में खान सर के खिलाफ भी FIR दर्ज की। इसके बाद उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की संभावना बढ़ गई। रिपोर्टों के अनुसार पुलिस मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है और सीसीटीवी फुटेज, गवाहों के बयान तथा अन्य साक्ष्यों को खंगाला जा रहा है।
अब क्या करेंगे खान सर?
ताजा जानकारी के मुताबिक खान सर अदालत में सरेंडर नहीं करेंगे। उनके वकील ने स्पष्ट किया है कि वे 8 जून को अग्रिम जमानत की याचिका दाखिल करेंगे। इसका अर्थ यह है कि उनकी कानूनी टीम गिरफ्तारी से पहले न्यायालय से सुरक्षा प्राप्त करने की कोशिश करेगी। यदि अदालत अग्रिम जमानत मंजूर कर देती है, तो जांच जारी रहने के बावजूद तत्काल गिरफ्तारी से राहत मिल सकती है।
कोचिंग सेंटर पर क्या असर पड़ सकता है?
फिलहाल खान ग्लोबल स्टडीज को सील किए जाने को लेकर कोई आधिकारिक आदेश सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आया है। हालांकि यदि जांच के दौरान प्रशासन को कानून-व्यवस्था या आपराधिक गतिविधियों से संबंधित गंभीर आधार मिलते हैं, तो संस्थान के संचालन पर असर पड़ सकता है। अभी इस संबंध में कोई अंतिम निर्णय नहीं हुआ है।
जांच में नया मोड़
कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया है कि घटना से जुड़े वीडियो फुटेज में नए तथ्य सामने आए हैं। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि गोली किसने चलाई, घटना की वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं और इसके पीछे का उद्देश्य क्या था। पुलिस ने कुछ लोगों को गिरफ्तार भी किया है और आगे की जांच जारी है।
खान सर का पक्ष
खान सर पहले ही इस घटना को लेकर साजिश की आशंका जता चुके हैं। उन्होंने संकेत दिया था कि उनके संस्थान को निशाना बनाने की कोशिश हो सकती है। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
आगे क्या होगा?
आने वाले कुछ दिन खान सर के लिए बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। उनकी अग्रिम जमानत याचिका पर अदालत का फैसला यह तय करेगा कि उन्हें तत्काल राहत मिलती है या नहीं। दूसरी ओर पुलिस जांच भी जारी रहेगी और उसके निष्कर्षों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई तय होगी।
फिलहाल स्थिति यह है कि खान सर ने सरेंडर का विकल्प नहीं चुना है और उनकी पूरी कानूनी रणनीति अग्रिम जमानत प्राप्त करने पर केंद्रित दिखाई दे रही है। मामले की अगली सुनवाई और अदालत के फैसले पर पूरे बिहार समेत देशभर के लाखों छात्रों की नजर बनी हुई है।