
महाराष्ट्र के अंबरनाथ फ्लाईओवर पर गुरुवार को हुई एक दर्दनाक दुर्घटना ने पूरे इलाके को दहला दिया। यह हादसा उस समय हुआ जब कार के ड्राइवर को अचानक हार्ट अटैक आया और वाहन बेकाबू होकर सीधे डिवाइडर से जा टकराया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार के परखच्चे उड़ गए। हादसे में चार लोगों की मौके पर ही जान चली गई जबकि कुछ अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। इस घटना का वीडियो भी सामने आया है जिसने लोगों को झकझोर कर रख दिया है।
यह कार शिवसेना के उम्मीदवार किरण चौबे के काफिले का हिस्सा बताई जा रही है। शुरुआती जानकारी के अनुसार कार में बैठे सभी लोग अभियान कार्य से जुड़े थे और किसी कार्यक्रम से लौट रहे थे। अचानक हुई इस घटना ने महाराष्ट्र की चुनावी हलचल के बीच शोक का माहौल पैदा कर दिया है।
अचानक बिगड़ा ड्राइवर का स्वास्थ्य और हुआ बड़ा हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार फ्लाईओवर पर सामान्य गति से चल रही थी। कुछ सेकंड बाद ही वाहन असामान्य ढंग से डगमगाने लगा। लोगों का कहना है कि ऐसा लग रहा था जैसे ड्राइवर को अचानक कोई गंभीर परेशानी हुई। बाद में यह पुष्टि हुई कि ड्राइवर को दिल का दौरा पड़ा था और वह कार का नियंत्रण खो बैठा।
वाहन तेजी से डिवाइडर की ओर मुड़ा और जोरदार टक्कर के बाद रुक गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के अगले हिस्से का लगभग पूरा ढांचा फट गया। यात्रियों को बाहर निकालने में राहगीरों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। जब तक किसी को संभलने का मौका मिलता, चार लोगों की जान जा चुकी थी।
मरने वालों की पहचान और स्थिति
हादसे में जिन चार लोगों की मौत हुई, वे सभी शिवसेना उम्मीदवार किरण चौबे से जुड़े कार्यकर्ता बताए जा रहे हैं। उनकी पहचान स्थानीय प्रशासन द्वारा की जा रही है और परिवारों को सूचना भेज दी गई है। घटना के बाद इलाके में मातम का माहौल फैल गया।
घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया जहां कुछ लोगों की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। डॉक्टरों ने बताया कि समय पर इलाज मिलने पर दो से तीन लोगों की जान बचाना संभव हो सकता था, लेकिन टक्कर के बाद उन्हें कार से निकालने में लंबा समय लग गया था।
किरण चौबे और राजनीतिक हलके में शोक
इस हादसे की खबर मिलते ही शिवसेना उम्मीदवार किरण चौबे स्थान पर पहुंचे और मृतकों के परिवारों के प्रति शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह घटना बेहद दर्दनाक है और उन्होंने खोए हुए साथियों को विनम्र श्रद्धांजलि दी।
स्थानीय नेताओं ने भी इस दुर्घटना पर गहरा दुख जताया और सड़क सुरक्षा पर नए सिरे से चर्चा की आवश्यकता बताई। कई ने कहा कि वाहन चलाते समय स्वास्थ्य जांच का महत्त्व बढ़ रहा है, खासकर जब ड्राइवर लगातार यात्रा करते हैं।
सीसीटीवी और वीडियो फुटेज ने बताया सच्चाई
जिस कार में यह हादसा हुआ, उसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है। फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि कैसे कार अचानक बायीं ओर मुड़ती है और सीधे डिवाइडर से टकरा जाती है।
वीडियो देखकर यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार के अंदर बैठे लोगों को संभलने का कोई मौका नहीं मिला। पुलिस भी इसी वीडियो की मदद से इस दुर्घटना की जांच आगे बढ़ा रही है।
पुलिस की प्राथमिक जांच: हार्ट अटैक की पुष्टि
पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि शुरुआती जांच में यह बात पूरी तरह स्पष्ट हो गई है कि ड्राइवर को हार्ट अटैक आया था। इसके बाद वाहन अनियंत्रित होकर दुर्घटना का कारण बना।
पुलिस मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार कर रही है ताकि यह पक्का किया जा सके कि ड्राइवर के स्वास्थ्य के साथ पहले से कोई समस्या थी या यह अचानक होने वाला अटैक था। साथ ही, पुलिस यह भी जांच कर रही है कि सीट बेल्ट का उपयोग सही तरीके से किया गया था या नहीं, क्योंकि इससे कई बार जान बच सकती है।
फ्लाईओवर पर भीड़ और राहत कार्य में देरी
हादसे के तुरंत बाद फ्लाईओवर पर भारी भीड़ इकट्ठा हो गई। राहगीरों ने दुर्घटनाग्रस्त वाहन के दरवाजे तोड़कर यात्रियों को निकालने की कोशिश की, मगर कार की स्थिति बेहद खराब थी, जिससे राहत कार्य में समय लगा।
स्थानीय प्रशासन और एंबुलेंस को मौके पर पहुंचने में थोड़ी देरी हुई, जिससे घायलों की स्थिति और गंभीर हो गई। इस देर पर स्थानीय नागरिकों और कुछ नेताओं ने नाराजगी भी जताई है।
सड़क सुरक्षा को लेकर उठे सवाल
इस दर्दनाक घटना के बाद फिर से सड़क सुरक्षा और ड्राइवरों के स्वास्थ्य की जांच को लेकर सवाल उठने लगे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि हार्ट अटैक ड्राइवरों के लिए बेहद खतरनाक स्थिति बनाता है, खासकर जब वे हाईवे या फ्लाईओवर पर तेज रफ्तार में गाड़ी चला रहे हों।
अक्सर देखा गया है कि पेशेवर ड्राइवर लगातार घंटे भर ड्राइव करते हैं, उनमें तनाव और थकान ज्यादा होती है। ऐसे में स्वास्थ्य परीक्षण को अनिवार्य बनाने की मांग जोर पकड़ रही है।
स्थानीय प्रशासन की प्रतिक्रिया
अंबरनाथ नगर प्रशासन ने दुर्घटना के बाद समीक्षा बैठक बुलाई है जिसमें फ्लाईओवर पर ट्रैफिक प्रबंधन, वाहन सुरक्षा और आपातकालीन सेवाओं की उपलब्धता पर चर्चा की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा है कि इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए नए सुरक्षा उपाय लागू किए जाएंगे। साथ ही, फ्लाईओवर पर अतिरिक्त सीसीटीवी लगाए जाएंगे ताकि भविष्य में किसी भी दुर्घटना की सटीक जांच की जा सके।
पीड़ित परिवारों के लिए सहायता
राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन ने मृतकों के परिवारों को हर संभव सहायता देने का आश्वासन दिया है। मुआवजे की घोषणा जल्द होने की उम्मीद है। राजनीतिक दलों ने भी अपने स्तर पर परिवारों की मदद करने का वादा किया है।
यह घटना न केवल चुनावी दौर की गतिविधियों को झटका देती है, बल्कि आम लोगों के लिए भी यह चेतावनी है कि स्वास्थ्य और सुरक्षा—दोनों ही गंभीर विषय हैं।
निष्कर्ष
अंबरनाथ फ्लाईओवर की यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि सड़क पर छोटी सी असावधानी या अचानक स्वास्थ्य समस्या कितनी बड़ी त्रासदी का कारण बन सकती है। ड्राइवर को आया अचानक हार्ट अटैक चार जिंदगियां लील गया और कई परिवारों में मातम छोड़ गया। यह हादसा सभी के लिए एक सबक है कि वाहन चलाते समय स्वास्थ्य जांच, सतर्कता और सावधानी कितनी आवश्यक है।