दिल्ली में वायु प्रदूषण पर सख्ती — कल से कई गाड़ियों की एंट्री बैन, जानें किसे मिलेगी छूट

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CAQM और दिल्ली सरकार ने लागू किया नया आदेश, BS-IV डीजल गाड़ियां नहीं चलेंगी NCR में

दिल्ली-एनसीआर में बढ़ते वायु प्रदूषण को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) और दिल्ली परिवहन विभाग ने बड़ा कदम उठाया है।
1 नवंबर से दिल्ली में कई तरह के वाहनों की एंट्री पर पूरी तरह बैन लगा दिया गया है। यह आदेश खास तौर पर पुराने डीजल वाहनों और BS-IV इंजन वाली गाड़ियों पर लागू होगा।


🔹 किन वाहनों की एंट्री दिल्ली में अब पूरी तरह बंद होगी

नए आदेश के मुताबिक, दिल्ली में BS-IV डीजल और BS-III पेट्रोल इंजन वाले कमर्शियल वाहनों की एंट्री 1 नवंबर से प्रतिबंधित कर दी गई है।
यह नियम दिल्ली-एनसीआर के सभी सीमावर्ती इलाकों पर लागू होगा।

🚫 बैन किए गए वाहन:

  • BS-IV डीजल ट्रक, टैक्सी, कैब और बसें

  • BS-III पेट्रोल वाहन

  • दिल्ली के बाहर से आने वाले पुराने डीजल वाहन

  • NCR में चलने वाले भारी कमर्शियल ट्रक जिनके पास BS-VI प्रमाणपत्र नहीं है


🟢 किन वाहनों को मिलेगी छूट

हालांकि कुछ आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों को इस प्रतिबंध से छूट दी गई है। इनमें शामिल हैं:

आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति करने वाले वाहन (दूध, सब्जियां, ईंधन, दवाएं आदि)
BS-VI इंजन वाले ट्रक और बसें
इलेक्ट्रिक और CNG वाहन
एम्बुलेंस, दमकल और सरकारी सेवा वाहन


🔹 CAQM का निर्देश: लागू होगा GRAP स्टेज-III

दिल्ली में प्रदूषण का स्तर लगातार खराब होने के बाद अब ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) का स्टेज-III लागू कर दिया गया है।
इस चरण के तहत निर्माण कार्यों पर रोक, डीजल जनरेटरों पर प्रतिबंध और वाहन आवाजाही पर सख्त नियंत्रण जैसे नियम लागू किए जाते हैं।

CAQM के आदेश में कहा गया है कि NCR में BS-VI के अलावा अन्य डीजल वाहनों को प्रतिबंधित किया जाए ताकि हवा में प्रदूषण के स्तर को नियंत्रित किया जा सके।


🔹 दिल्ली सरकार ने बढ़ाई निगरानी

दिल्ली परिवहन विभाग ने सीमा इलाकों पर लगभग 15 प्रमुख एंट्री पॉइंट्स पर चेकिंग टीमें तैनात की हैं।
इनमें सिंघु, गाजीपुर, बदरपुर, टिकरी और झिलमिल बॉर्डर शामिल हैं।
जो वाहन प्रतिबंधित श्रेणी में पाए जाएंगे, उनके खिलाफ ₹20,000 तक का जुर्माना और जब्ती कार्रवाई की जाएगी।


🔹 दिल्ली की हवा ‘खतरनाक’ श्रेणी में

पिछले एक सप्ताह से दिल्ली का AQI (Air Quality Index) 350 से ऊपर बना हुआ है, जो ‘बहुत खराब’ से ‘खतरनाक’ श्रेणी में आता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि पराली जलाने, वाहनों से निकलते धुएं और मौसम में ठंड बढ़ने के कारण प्रदूषण और तेज़ी से बढ़ रहा है।


🔹 विशेषज्ञों की राय

पर्यावरण विशेषज्ञों का कहना है कि यह कदम जरूरी लेकिन अस्थायी समाधान है।
दीर्घकालिक सुधार के लिए सार्वजनिक परिवहन, इलेक्ट्रिक वाहनों और कड़े उत्सर्जन मानकों को बढ़ावा देना जरूरी है।


⚠️ मुख्य बिंदु एक नजर में

बिंदु जानकारी
📅 प्रभावी तिथि 1 नवंबर 2025
🚫 बैन BS-IV डीजल और BS-III पेट्रोल वाहन
🟢 छूट BS-VI, CNG, इलेक्ट्रिक और आवश्यक सेवाएं
💰 जुर्माना ₹20,000 तक
📍 निगरानी स्थान दिल्ली के प्रमुख बॉर्डर एंट्री पॉइंट्स
🔎 लागू योजना GRAP स्टेज-III

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