
सोने के दामों में लगातार बढ़त और गोल्ड लोन की बढ़ती मांग ने देश की सबसे बड़ी गोल्ड लोन कंपनी मुथूट फाइनेंस (Muthoot Finance) के तिमाही नतीजों को ऐतिहासिक ऊंचाई पर पहुंचा दिया है। कंपनी ने चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही (Q2 FY2025) में 87 प्रतिशत का मुनाफा उछाल दर्ज किया है।
कंपनी के मुताबिक, तिमाही का शुद्ध लाभ ₹1,675 करोड़ से बढ़कर ₹3,130 करोड़ हो गया है। इस शानदार प्रदर्शन का असर अब शेयर बाजार में भी साफ दिखने की उम्मीद है। बाजार बंद होने के बाद जारी हुए नतीजों के चलते कंपनी का स्टॉक शुक्रवार को खुलते ही तेज़ उछाल के साथ रिकॉर्ड हाई छू सकता है।
गोल्ड लोन की डिमांड बनी मुख्य वजह
मुथूट फाइनेंस ने बताया कि इस बार की कमाई में बढ़ोतरी की सबसे बड़ी वजह रही है गोल्ड लोन की मांग में जोरदार इजाफा। भारत में त्योहारों के सीजन और ऊंचे सोने के दामों के चलते लोगों ने ज्यादा से ज्यादा गोल्ड को गिरवी रखकर कैश लिया।
कंपनी के मुताबिक, गोल्ड लोन पोर्टफोलियो का आकार अब ₹72,000 करोड़ के पार पहुंच गया है, जो पिछले साल की तुलना में लगभग 20% अधिक है। साथ ही, मुथूट ने यह भी बताया कि डिजिटल लोन सर्विसेज से भी अब कंपनी की आय में महत्वपूर्ण योगदान आने लगा है।
कंपनी के चेयरमैन जॉर्ज एलेक्जेंडर मुथूट ने बयान जारी कर कहा,
“हमारी ग्रोथ इस बात का संकेत है कि गोल्ड लोन अब भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए सबसे भरोसेमंद और आसान क्रेडिट साधन है। आने वाले महीनों में हम डिजिटल और माइक्रो लोन सेगमेंट को और मजबूत करेंगे।”
शेयर बाजार में निवेशकों की नजरें
शेयर बाजार के जानकारों का कहना है कि मुथूट फाइनेंस का यह नतीजा निवेशकों के लिए सकारात्मक संकेत है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर कंपनी की ग्रोथ इसी रफ्तार से जारी रही तो इसके शेयर ₹2,000 के स्तर को पार कर सकते हैं।
फिलहाल मुथूट फाइनेंस का शेयर ₹1,730 के आसपास कारोबार कर रहा है। इस साल की शुरुआत से अब तक इसमें करीब 35% की बढ़त दर्ज की जा चुकी है। मार्केट एनालिस्ट्स के अनुसार, कंपनी के परिणाम “एक मजबूत बाउंस-बैक” को दर्शाते हैं, खासकर ऐसे समय में जब कई NBFCs पर ब्याज दरों का दबाव बना हुआ है।
गोल्ड लोन सेक्टर में प्रतिस्पर्धा और अवसर
भारत में गोल्ड लोन सेक्टर में मुथूट फाइनेंस के साथ मणप्पुरम फाइनेंस, फिनोमिना और आईआईएफएल फाइनेंस जैसी कंपनियां भी सक्रिय हैं। हालांकि, मुथूट अभी भी बाजार हिस्सेदारी के मामले में सबसे आगे है।
एक रिपोर्ट के अनुसार, भारत का गोल्ड लोन मार्केट आने वाले तीन वर्षों में 12% वार्षिक दर से बढ़कर ₹6 लाख करोड़ के पार पहुंच सकता है। मुथूट इस ग्रोथ सेगमेंट में अपनी पकड़ और मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रहा है — जिसमें ग्रामीण इलाकों में नई शाखाओं का विस्तार और ऑनलाइन गोल्ड लोन सेवाओं का विस्तार शामिल है।
रिटेल लोन और डिजिटल इनोवेशन
कंपनी ने इस तिमाही में अपने डिजिटल लोन प्लेटफॉर्म ‘Muthoot Online Gold Loan’ से भी बेहतरीन प्रदर्शन दर्ज किया। ऑनलाइन आवेदन और त्वरित डिस्बर्सल के चलते युवा ग्राहकों में इसकी मांग तेजी से बढ़ी है।
कंपनी का कहना है कि अब लगभग 30% से अधिक नए लोन डिजिटल चैनलों के ज़रिए दिए जा रहे हैं, जिससे ऑपरेटिंग कॉस्ट घटने और प्रोफिट मार्जिन बढ़ने में मदद मिली है।
भविष्य की रणनीति
मुथूट फाइनेंस का फोकस आने वाले समय में केवल गोल्ड लोन तक सीमित नहीं रहेगा। कंपनी अब माइक्रोफाइनेंस, इंश्योरेंस डिस्ट्रीब्यूशन और होम लोन सेगमेंट में भी विस्तार कर रही है।
विश्लेषकों का कहना है कि मुथूट की मजबूत बैलेंस शीट और लिक्विडिटी पोजीशन इसे आने वाले तिमाहियों में और भी ऊंचे स्तर पर पहुंचा सकती है।
निष्कर्ष
मुथूट फाइनेंस का यह शानदार प्रदर्शन न केवल गोल्ड लोन मार्केट की बढ़ती संभावनाओं को दर्शाता है, बल्कि यह भी साबित करता है कि सोना अब केवल निवेश का साधन नहीं, बल्कि भारत के लाखों लोगों के लिए वित्तीय सुरक्षा का आधार बन चुका है।
शेयर बाजार अब मुथूट फाइनेंस की इस ‘गोल्डन ग्रोथ’ को लेकर उत्साहित है — और निवेशकों की नजरें शुक्रवार के ट्रेडिंग सेशन पर टिकी हैं।