
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में बड़ा उलटफेर देखने को मिला, जब नेपाल ने इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम को चौंका दिया। इस ऐतिहासिक जीत के बाद नेपाल के कप्तान रोहित पौडेल ने बाकी टीमों को साफ संदेश दिया—“हमें हल्के में लेने की गलती न करें।”
नेपाल की यह जीत सिर्फ एक मैच की सफलता नहीं, बल्कि उभरती क्रिकेट ताकत का संकेत मानी जा रही है।
कैसे हुआ बड़ा उलटफेर?
इंग्लैंड मैच में फेवरेट मानी जा रही थी, लेकिन नेपाल ने शुरुआत से ही आक्रामक और आत्मविश्वास भरा खेल दिखाया। गेंदबाजों ने पावरप्ले में दबाव बनाया और बल्लेबाजों ने लक्ष्य का पीछा करते हुए संयम रखा।
मैच के अहम क्षणों में नेपाल के खिलाड़ियों ने घबराने के बजाय साहस दिखाया, जिससे इंग्लैंड की रणनीति विफल होती गई।
कप्तान का आत्मविश्वास
मैच के बाद कप्तान रोहित पौडेल ने कहा कि उनकी टीम लंबे समय से इस स्तर पर खेलने की तैयारी कर रही थी। उन्होंने स्पष्ट किया कि नेपाल अब सिर्फ भाग लेने नहीं, बल्कि मुकाबला जीतने आया है।
उनका कहना था कि खिलाड़ियों ने कड़ी मेहनत की है और अब वे बड़े मंच पर खुद को साबित करना चाहते हैं।
टीमवर्क बना जीत की कुंजी
नेपाल की जीत में सामूहिक प्रयास अहम रहा। गेंदबाजों ने नियमित अंतराल पर विकेट चटकाए, जबकि बल्लेबाजों ने दबाव में संयम नहीं खोया।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस जीत ने नेपाल को टूर्नामेंट में नई पहचान दी है।
इंग्लैंड के लिए चेतावनी
इंग्लैंड जैसी अनुभवी टीम के खिलाफ जीत ने यह साबित किया कि टी20 फॉर्मेट में कोई भी टीम किसी को भी हरा सकती है।
नेपाल की इस जीत से अन्य बड़ी टीमों के लिए भी चेतावनी का संकेत गया है कि वे छोटी समझी जाने वाली टीमों को हल्के में न लें।
टूर्नामेंट में नई ऊर्जा
नेपाल की जीत ने टूर्नामेंट में रोमांच बढ़ा दिया है। दर्शकों को अब और अधिक प्रतिस्पर्धी मुकाबलों की उम्मीद है।
टी20 वर्ल्ड कप जैसे मंच पर ऐसे उलटफेर खेल की अनिश्चितता और रोमांच को और बढ़ा देते हैं।
निष्कर्ष
इंग्लैंड को हराने के बाद नेपाल ने साफ कर दिया है कि वह किसी भी टीम के लिए आसान प्रतिद्वंद्वी नहीं है। कप्तान रोहित पौडेल का संदेश पूरे टूर्नामेंट के लिए चेतावनी जैसा है।
अब देखना होगा कि नेपाल इस आत्मविश्वास को आगे के मुकाबलों में किस तरह भुनाता है और क्या वह टूर्नामेंट में और बड़े उलटफेर कर पाता है।