
कुआलालंपुर। भारतीय महिला गोल्फ टीम ने 40वें मलेशियन लेडीज एमेच्योर ओपन 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए टीम स्पर्धा में तीसरा स्थान हासिल किया। भारत की ओर से सीरत कांग और गुंतास कौर संधू ने बेहतरीन खेल दिखाते हुए व्यक्तिगत वर्ग में संयुक्त रूप से छठा स्थान प्राप्त किया। दोनों खिलाड़ियों के लगातार अच्छे प्रदर्शन ने भारत को 11 देशों के बीच टीम प्रतियोगिता में पोडियम फिनिश दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
यह प्रतिष्ठित टूर्नामेंट मलेशिया के ग्लेनमेरी गोल्फ एंड कंट्री क्लब में आयोजित किया गया, जिसमें एशिया के 11 देशों की कुल 54 महिला गोल्फरों ने हिस्सा लिया। भारतीय गोल्फ संघ (IGU) द्वारा चयनित दो सदस्यीय भारतीय टीम ने तीन राउंड के बाद 12 ओवर 444 के संयुक्त स्कोर के साथ तीसरा स्थान हासिल किया।
19 वर्षीय सीरत कांग, जो आईजीयू महिला रैंकिंग में दूसरे स्थान पर हैं, ने 77, 74 और 71 के राउंड खेलकर कुल 6 ओवर 222 का स्कोर बनाया। वहीं 15 वर्षीय गुंतास कौर संधू, जो आईजीयू महिला रैंकिंग में शीर्ष स्थान पर हैं, ने 75, 73 और 74 के राउंड के साथ समान 222 का स्कोर बनाया। दोनों भारतीय खिलाड़ी संयुक्त रूप से छठे स्थान पर रहीं।
गुंतास कौर ने अंतिम राउंड की शुरुआत पहले ही होल पर बर्डी के साथ की और बाद में एक और बर्डी भी लगाई। हालांकि तीन बोगी और एक डबल बोगी के कारण उनका स्कोर प्रभावित हुआ और उन्होंने 74 का राउंड खेला। दूसरी ओर सीरत कांग ने शुरुआती डबल बोगी के बाद शानदार वापसी करते हुए बर्डी लगाई, लेकिन बाद के होलों में कुछ अतिरिक्त स्ट्रोक के कारण वह भी कुल 77 के स्कोर के साथ राउंड समाप्त कर सकीं।
टूर्नामेंट का व्यक्तिगत खिताब मेजबान मलेशिया की फूंग ज़ी यू ने जीता। उन्होंने और उनकी हमवतन अंबरली ज़ायरा बिंती जमरा ने तीन राउंड के बाद 1 अंडर 215 का समान स्कोर बनाया, लेकिन काउंटबैक नियम के आधार पर फूंग ज़ी यू को विजेता घोषित किया गया।
भारतीय टीम का यह प्रदर्शन महिला एमेच्योर गोल्फ में देश की बढ़ती मजबूती का संकेत माना जा रहा है। सीरत कांग और गुंतास कौर इससे पहले भी भारत का प्रतिनिधित्व क्वीन सिरिकित कप में कर चुकी हैं और लगातार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रभावशाली प्रदर्शन कर रही हैं। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि दोनों युवा गोल्फरों का यह प्रदर्शन भविष्य में भारतीय महिला गोल्फ के लिए उत्साहजनक संकेत है।
भारतीय गोल्फ संघ ने टीम के प्रदर्शन की सराहना करते हुए दोनों खिलाड़ियों को बधाई दी है। लगातार अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अच्छे परिणाम यह दर्शाते हैं कि भारतीय महिला गोल्फ का स्तर तेजी से बढ़ रहा है और आने वाले वर्षों में देश की युवा खिलाड़ी एशियाई तथा वैश्विक मंच पर और बड़ी उपलब्धियां हासिल कर सकती हैं।