
मुंबई। फिल्म निर्देशक राम गोपाल वर्मा (RGV) और अभिनेत्री उर्मिला मातोंडकर को लेकर एक पुराना दावा एक बार फिर चर्चा में है। वरिष्ठ फिल्म पत्रकार ज्योति वेंकटेश ने हालिया बातचीत में दावा किया है कि दोनों ने अपने करियर के दौरान एक मंदिर में गुपचुप शादी की थी, लेकिन यह रिश्ता लंबे समय तक नहीं चल सका। हालांकि, इस दावे की न तो राम गोपाल वर्मा और न ही उर्मिला मातोंडकर ने कभी आधिकारिक पुष्टि की है। ऐसे में इसे एक व्यक्तिगत दावा माना जा रहा है, न कि स्थापित तथ्य।
ज्योति वेंकटेश के अनुसार, राम गोपाल वर्मा और उर्मिला मातोंडकर के बीच पेशेवर रिश्ते के दौरान नजदीकियां बढ़ीं। दोनों ने रंगीला, सत्या, जंगल, कौन, दौड़ और प्यार तूने क्या किया जैसी कई फिल्मों में साथ काम किया। इन फिल्मों ने न केवल उर्मिला के करियर को नई ऊंचाई दी, बल्कि बॉलीवुड में दोनों के रिश्ते को लेकर भी लंबे समय तक चर्चाएं होती रहीं।
पत्रकार का दावा है कि दोनों ने कथित रूप से मंदिर में विवाह किया था, लेकिन समय के साथ उनके रिश्ते में दूरियां बढ़ गईं। उन्होंने यह भी कहा कि अलगाव के दौरान उर्मिला भावनात्मक रूप से काफी आहत थीं। हालांकि, इन बातों का समर्थन करने वाला कोई सार्वजनिक दस्तावेज, कानूनी रिकॉर्ड या दोनों पक्षों का आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। इसलिए इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।
राम गोपाल वर्मा और उर्मिला के रिश्ते को लेकर अतीत में कई तरह की अटकलें लगती रही हैं। स्वयं राम गोपाल वर्मा ने पहले भी स्वीकार किया था कि वे उर्मिला की प्रतिभा और स्क्रीन प्रेजेंस से बेहद प्रभावित थे, लेकिन उन्होंने विवाह या गुप्त शादी जैसी चर्चाओं की कभी पुष्टि नहीं की। एक इंटरव्यू में उन्होंने इन अफवाहों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि लोगों ने उनके संबंधों को लेकर कई तरह की कल्पनाएं कीं।
उर्मिला मातोंडकर ने वर्ष 2016 में व्यवसायी और मॉडल मोहसिन अख्तर मीर से विवाह किया था। बाद में दोनों के अलग होने की खबरें भी सामने आईं। दूसरी ओर, राम गोपाल वर्मा पहले अपनी पत्नी रत्ना से विवाह कर चुके थे और बाद में दोनों का तलाक हो गया था।
फिल्मी दुनिया में कलाकारों के निजी जीवन को लेकर अक्सर कई तरह के दावे और अफवाहें सामने आती रहती हैं। लेकिन जब तक संबंधित व्यक्ति स्वयं किसी बात की पुष्टि न करें या उसके समर्थन में विश्वसनीय दस्तावेज उपलब्ध न हों, ऐसे दावों को अंतिम सत्य नहीं माना जा सकता। इस मामले में भी वरिष्ठ पत्रकार के दावे ने नई चर्चा जरूर छेड़ दी है, लेकिन इसकी स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।